चमोली: पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर राष्ट्रीय पुरानी पेंशन बहाली संयुक्त मोर्चा (NMOPS) ने आंदोलन को तेज करने की तैयारी शुरू कर दी है। चमोली जिले में संगठन की जिला कार्यकारिणी की बैठक गौचर में आयोजित हुई, जिसमें 13 सितंबर को एनएमओपीएस के बैनर तले प्रस्तावित मुख्यमंत्री आवास कूच को सफल बनाने की रणनीति तैयार की गई।
एनएमओपीएस जिलाध्यक्ष मोहन सिंह रावत की अध्यक्षता में हुई बैठक में जिले के सभी विकासखंडों से कर्मचारी और शिक्षकों की अधिक से अधिक भागीदारी सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। संगठन ने करीब एक हजार कर्मचारी-शिक्षकों को मुख्यमंत्री आवास कूच में शामिल कराने का लक्ष्य रखा है। इसके लिए प्रत्येक विकासखंड को करीब 100 कर्मचारी-शिक्षकों की भागीदारी का लक्ष्य दिया गया है।
बैठक में वक्ताओं ने कहा कि पुरानी पेंशन कर्मचारियों के सुरक्षित और सम्मानजनक भविष्य से जुड़ा विषय है। प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष दिगम्बर सिंह नेगी ने कहा कि पुरानी पेंशन केवल कर्मचारियों का अधिकार नहीं, बल्कि उनके सम्मानजनक और सुरक्षित भविष्य की गारंटी है। सभी कर्मचारियों को एकजुट होकर आंदोलन में भाग लेना होगा।
एनएमओपीएस जिलाध्यक्ष मोहन सिंह रावत ने कहा कि पुरानी पेंशन कर्मचारियों के भविष्य, सम्मान और सामाजिक सुरक्षा का सवाल है। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि कर्मचारी एकजुट होकर निर्णायक आंदोलन को जनआंदोलन का रूप दें।
जिला मंत्री सुरेंद्र भगत ने कहा कि पुरानी पेंशन की लड़ाई किसी एक विभाग या कर्मचारी की नहीं, बल्कि सभी कर्मचारियों का साझा आंदोलन है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक विकासखंड से व्यापक भागीदारी आंदोलन को नई दिशा और मजबूती देगी।
बैठक में संगठन की आगामी रणनीति, जनसंपर्क अभियान और सभी विकासखंडों में व्यापक सहभागिता सुनिश्चित करने को लेकर भी चर्चा की गई। कर्मचारी नेताओं ने कहा कि सरकार की ओर से मांग पर गंभीरता से विचार नहीं किए जाने के कारण कर्मचारियों में नाराजगी है और अब पुरानी पेंशन बहाली को लेकर आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
बैठक में महिपाल सिंह चौहान, दिनेश बधानी, नरेंद्र कुंवर, राजेंद्र चंद्र कंसवाल, भोला दत्त सिरस्वाल, गजेंद्र बिष्ट, शिव दर्शन सिंह नेगी, पानू चौहान, अल्का शाह, सुनील राज, संजय बिष्ट, लक्ष्मी कंडारी समेत कई कर्मचारी-शिक्षक नेता मौजूद रहे।