लक्सर। हरिद्वार जिले की लक्सर कोतवाली में मंगलवार शाम उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक व्यक्ति ने थाने के प्रवेश द्वार पर खुद पर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा ली। थाने में मौजूद पुलिसकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए हवालात के कंबल डालकर आग बुझाई और उसकी जान बचाई। घटना में व्यक्ति आंशिक रूप से झुलस गया, जिसे उपचार के लिए सीएचसी लक्सर भेजा गया।
जानकारी के अनुसार, मंगलवार शाम एक व्यक्ति काले रंग की मोटरसाइकिल से लक्सर कोतवाली पहुंचा। पुलिस के मुताबिक, उसके शरीर पर पहले से ही तेल जैसा ज्वलनशील पदार्थ लगा हुआ था। उसने थाने के प्रवेश द्वार के बाईं ओर मोटरसाइकिल खड़ी की और अपने साथ लाई माचिस से खुद को आग लगा ली।
आग लगते ही थाना कार्यालय में मौजूद दिवसाधिकारी उप निरीक्षक रोहित कुमार पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और हवालात के कंबल डालकर आग बुझाई। हालांकि, तब तक व्यक्ति आंशिक रूप से झुलस चुका था।
मौके पर मौजूद प्रभारी निरीक्षक प्रवीण सिंह कोश्यारी ने अन्य पुलिसकर्मियों और शिकायतकर्ताओं की मौजूदगी में व्यक्ति से नाम-पता पूछा। उसने अपना नाम नारायण उर्फ नीटू पुत्र तेजपाल, निवासी मुंडाखेड़ा खुर्द बताया।
पुलिस के अनुसार, शुरुआत में आग लगाने का कारण पूछने पर नारायण ने बताया कि उसका अपने भाई के साथ जमीन को लेकर विवाद चल रहा है। उसका आरोप था कि उसके भाई ने उसकी जमीन का फर्जी तरीके से बैनामा करा दिया है। उसने बताया कि सोमवार को गांव में इस मामले को लेकर पंचायत भी हुई थी, लेकिन किसी ने उसका साथ नहीं दिया। जब पुलिस ने पूछा कि क्या उसने इस संबंध में थाने में कोई शिकायत दी है, तो उसने इससे इनकार किया।
इसके बाद उप निरीक्षक शहजाद अली और उप निरीक्षक यशबीर सिंह नेगी ने उसे निजी वाहन से उपचार के लिए सीएचसी लक्सर पहुंचाया। मामले की जांच वरिष्ठ उप निरीक्षक राजेश बिष्ट को सौंपी गई है। घटना की सूचना उच्चाधिकारियों को भी दे दी गई है।
अस्पताल में तहसीलदार लक्सर के समक्ष दिए गए बयान में नारायण ने आग लगाने की वजह को लेकर अलग आरोप लगाए। पुलिस के अनुसार, उसने अपने बयान में बताया कि उसने खुद पर डीजल डालकर आग लगाई थी। उसका आरोप था कि उसके साले ईश्वर सिंह ने उससे 30 लाख रुपये नकद लिए थे। पैसे वापस मांगने या इसके बदले जमीन देने की बात कहने पर साले ने कथित तौर पर उससे कहीं जाकर मर जाने को कहा।
नारायण ने अपने बयान में कहा कि उसने अपने साले और एक अन्य व्यक्ति से परेशान होकर यह कदम उठाया। पुलिस अब उसके दोनों बयानों को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच कर रही है। आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
उप निरीक्षक शहजाद अली ने बताया कि थाने के प्रवेश द्वार पर एक व्यक्ति ने खुद को आग लगा ली थी। पुलिसकर्मियों की तत्परता से उसकी जान बचाई गई। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और जांच के आधार पर उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।