हरिद्वार। उत्तराखंड के हरिद्वार जिले में लुटेरी दुल्हन का मामला सामने आया है। आरोप है कि पहले युवक को शादी के लिए झांसे में लिया गया और फिर शादी के बाद दुल्हन ने नशीला पदार्थ खिलाकर पति को बेहोश कर दिया। इसके बाद घर में रखी नकदी और सामान लेकर फरार हो गई। मामले में पुलिस ने लुटेरी दुल्हन समेत गैंग के पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 70 हजार रुपये की नकदी, पांच मोबाइल फोन और नशीला पाउडर बरामद किया है। वारदात में इस्तेमाल बोलेरो को भी पुलिस ने सीज कर दिया है। मामला बहादराबाद कोतवाली क्षेत्र का बताया जा रहा है।
पुलिस के अनुसार, बहादराबाद कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी युवक ने 24 सितंबर को मामले में तहरीर दी थी। उसने बताया कि उसके भाई की शादी नहीं हो रही थी और परिवार लगातार उसके लिए रिश्ता तलाश रहा था। इसी दौरान सिडकुल क्षेत्र में उनकी मुलाकात पंकज गिरी नाम के व्यक्ति से हुई। पंकज ने उन्हें अपनी सास गीता देवी और रुकमिना से मिलवाया। इसके बाद शादी की बात तय हुई।
पुलिस के मुताबिक, 21 वर्षीय रुकमिना की शादी 22 सितंबर को युवक से कराई गई। पीड़ित परिवार के अनुसार, सिडकुल क्षेत्र स्थित एक मकान में दोनों की वरमाला कराकर शादी कराई गई, जिसके बाद सभी लोग दूल्हे के घर चले गए।
आरोप है कि 22 सितंबर को रुकमिना ने बीमारी का बहाना बनाकर पति से अलग सोने की बात कही। अगले दिन उसने चाय में नशीला पदार्थ मिलाकर पति को पिला दिया। नशीला पदार्थ खाने के बाद पति बेहोश हो गया। जब उसे होश आया तो घर से करीब 70 हजार रुपये की नकदी और कई मोबाइल फोन गायब मिले। इसके बाद मामले की शिकायत पुलिस से की गई।
तहरीर मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने रुकमिना समेत अब्दुल बारी, रागिनी पाल, पुनीत कुमार और राजस्थान के भरतपुर निवासी फतेह सिंह मीना को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, रुकमिना उत्तर प्रदेश के शामली जिले के मिर्जापुर गांव की रहने वाली है।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 70 हजार रुपये, पांच मोबाइल फोन और नशीला पाउडर बरामद किया है। वारदात में इस्तेमाल बोलेरो को भी सीज किया गया है।
बहादराबाद कोतवाली प्रभारी अमरजीत सिंह ने बताया कि मामले में दो महिलाओं समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस इस एंगल से भी जांच कर रही है कि कहीं आरोपियों ने शादी के नाम पर किसी अन्य व्यक्ति को भी ठगी का शिकार तो नहीं बनाया है। आरोपियों के खिलाफ नियमानुसार विधिक कार्रवाई की जा रही है और उन्हें न्यायालय में पेश करने की तैयारी है।