रुड़की में डबल मर्डर से सनसनी,भांजे और मामा की मौत, 8 साल की रंजिश बनी खौफनाक अंजाम

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रुड़की | रुड़की के पश्चिमी अंबर तालाब क्षेत्र से दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। जहां बुधवार देर रात घर में आग लगने से एक युवक की जलकर मौत हो गई, वहीं गुरुवार को उसी युवक के मामा की सरेराह चाकू से हत्या कर दी गई। यह दोहरी मौत पूरे इलाके में सनसनी मचा गई है।

बीती रात लगी आग में युवक की मौत

जानकारी के मुताबिक, रजनीश पुंडीर के घर में देर रात अचानक आग लग गई।
घर में बीड़ी-सिगरेट का गोदाम भी था। उस वक्त रजनीश का बेटा कुणाल पुंडीर (24) घर के अंदर सो रहा था।
रात करीब दो बजे अचानक आग की लपटों में घिरे कुणाल ने बचने की कोशिश की, लेकिन वह पूरी तरह झुलस गया।

पड़ोसियों और फायर ब्रिगेड की मदद से आग पर काबू पाया गया, लेकिन कुणाल की मौके पर ही मौत हो गई।
कुणाल पेशे से डिज़ाइन इंजीनियर था और हाल ही में घर लौटकर इंटर्नशिप पूरी कर रहा था।

अंतिम संस्कार के बाद बढ़ा विवाद, मामा की हत्या

कुणाल की मौत की सूचना मिलते ही उसका मामा सोनू (देवबंद निवासी) रुड़की पहुंचा था।गुरुवार को अंतिम संस्कार के बाद दोनों परिवारों में पुराना विवाद फिर उभर आया।
सोनू अपनी पत्नी ममता के साथ बाइक से लौट रहा था, तभी रास्ते में कुणाल के दो चाचा ,नमन और आशीष ने उसे रोक लिया।

दोनों ने सरेराह चाकू से ताबड़तोड़ वार कर सोनू की हत्या कर दी और मौके से फरार हो गए।घायल सोनू को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

गंगनहर कोतवाली इंस्पेक्टर मनोहर भंडारी ने बताया कि दोनों आरोपियों पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।

आठ साल पुरानी रंजिश का खौफनाक अंत

पुलिस जांच में सामने आया कि परिवार के बीच यह विवाद पिछले आठ साल से चल रहा था।कुणाल के माता-पिता रजनीश और सुधा के रिश्ते अच्छे नहीं थे और दोनों अलग-अलग रहते थे।
इसी बात को लेकर सुधा के मायके वाले और रजनीश के परिवार के बीच कई बार कहासुनी और रंजिश हो चुकी थी।

सोनू की मां बालेश देवी ने कहा,“मेरा बेटा केवल त्योहारों पर बहन से मिलने जाता था। हमें हमेशा डर रहता था कि कहीं उसके साथ कुछ अनहोनी न हो जाए। लेकिन हमने कभी नहीं सोचा था कि वे उसकी हत्या कर देंगे।”

 

पत्नी के सामने ही की हत्या

सोनू की पत्नी ममता ने बताया, नमन ने मेरे पति का गला रेत दिया और छाती में कई बार चाकू घोंपा। उन्हें संभलने का मौका तक नहीं दिया गया।
जानकारी के अनुसार सोनू के तीन बच्चे हैं, दो बेटे और एक बेटी। परिवार में वही इकलौता बेटा था।ममता रो-रोकर कहती रही “सुबह से उन्होंने कुछ नहीं खाया था, रुड़की आने के बाद भी पानी तक नहीं पिया। अब वो मोर्चरी में भूखे ही पड़े हैं।”

घटनास्थल पर तनाव

हत्या की वारदात कॉलोनी की सड़क के बीचोंबीच हुई।पुलिस ने मौके पर पहुंचकर बांस और फीते से क्षेत्र को सील किया और साक्ष्य जुटाने शुरू किए।घटना के बाद इलाके में तनाव और भारी भीड़ देखी गई।

स्थानीय निवासी हरिओम, विपिन और कन्हैया ने कहा कि कुणाल मिलनसार था और हमेशा नम्रता से बात करता था।लोगों को अब भी यकीन नहीं हो रहा कि एक ही परिवार की रंजिश ने दो जिंदगियां छीन लीं।

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