देहरादून: कोतवाली पटेल नगर के बड़ोवाला क्षेत्र में बैंककर्मी पर हुई फायरिंग के मामले का दून पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस के मुताबिक बैंककर्मी की पूर्व प्रेमिका ही हत्या की साजिश की मास्टरमाइंड निकली। प्रेमी की दूसरी युवती से सगाई से नाराज पूर्व प्रेमिका ने उसकी हत्या के लिए 5 लाख रुपये की सुपारी दी थी। पुलिस ने मुख्य आरोपी प्रेमिका समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक आरोपी फरार है।
पुलिस के मुताबिक, 8 सितंबर को बड़ोवाला क्षेत्र में बाइक सवार दो बदमाशों ने ज्वालापुर निवासी बैंककर्मी सत्यम कुमार पर फायरिंग की थी। सत्यम अपनी बहन के साथ स्कूटी से घर जा रहा था। जीओ पेट्रोल पंप से करीब 200 मीटर आगे बदमाशों ने स्कूटी को ओवरटेक कर रोका और जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। गोली लगने से सत्यम गंभीर रूप से घायल हो गया था।
घटना के बाद पुलिस ने आरोपियों की तलाश के लिए घटनास्थल और आसपास के रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। इसके साथ ही इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस की मदद से भी आरोपियों की पहचान और तलाश शुरू की गई।
पुलिस के अनुसार, 11 सितंबर को दोनों शूटरों के दोबारा देहरादून आने की सूचना मिली। गोरखपुर चौक पर चेकिंग के दौरान संदिग्ध बाइक सवार पुलिस को देखकर भागने लगे। पुलिस ने उनका पीछा किया तो चाय बागान की पगडंडी के पास बदमाश बाइक छोड़कर जंगल की ओर भागने लगे और पुलिस पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में अंकित चौहान के पैर में गोली लगी, जबकि उसका साथी अंकुर अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया।
घायल आरोपी अंकित से पूछताछ में पुलिस के सामने पूरी साजिश का खुलासा हुआ। पुलिस के मुताबिक, हरिद्वार निवासी अंकित की मुलाकात रानीपुर निवासी मोहित के जरिए ज्वालापुर निवासी मालिया रहमान से हुई थी। मालिया के कहने पर अंकित ने अपने साथी अंकुर के साथ सत्यम की हत्या की कोशिश की। इसके लिए 5 लाख रुपये में सौदा तय हुआ था और अंकित को 1.20 लाख रुपये एडवांस दिए गए थे।
पुलिस की जांच में सामने आया कि मालिया और सत्यम वर्ष 2020 से संपर्क में थे और दोनों के बीच करीब पांच साल से प्रेम संबंध था। वर्ष 2023 में मालिया ने परिवार के दबाव में शादी कर ली, लेकिन सत्यम से उसका संपर्क जारी रहा। बाद में उसका विवाह टूट गया। वर्ष 2025 में सत्यम देहरादून आ गया।
पुलिस के मुताबिक, फरवरी 2026 में सत्यम ने किसी दूसरी युवती से सगाई कर ली। इसके बाद उसने मालिया से दूरी बनानी शुरू कर दी और उसे सोशल मीडिया पर भी ब्लॉक कर दिया। पुलिस का कहना है कि इससे नाराज होकर मालिया ने सत्यम को रास्ते से हटाने की साजिश रची।
आरोप है कि मालिया ने अंकित को सत्यम की फोटो और उसके देहरादून स्थित बैंक कार्यालय की जानकारी दी थी। इसके बाद 8 सितंबर को अंकित और अंकुर ने बड़ोवाला क्षेत्र में सत्यम पर फायरिंग की।
पुलिस के मुताबिक, घटना के बाद बची हुई रकम लेने के लिए अंकित और अंकुर दोबारा देहरादून आए थे। इसी दौरान पुलिस ने अंकित को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। उसकी निशानदेही पर मुख्य आरोपी मालिया रहमान और उसके साथी मोहित को आईएसबीटी के पास से गिरफ्तार किया गया। फरार आरोपी अंकुर की तलाश जारी है।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 315 बोर का देसी तमंचा, दो खोखा कारतूस और घटना में इस्तेमाल बिना नंबर की बाइक बरामद की है। पुलिस के अनुसार घायल आरोपी अंकित का पूर्व का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है।
पुलिस मामले में फरार आरोपी की तलाश के साथ ही घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है।
—जितेंद्र चौधरी, एसपी ट्रैफिक