उत्तराखंड। Uttarakhand के नगर क्षेत्र में भूकंप आपदा से निपटने की तैयारियों को परखने के लिए बुधवार सुबह व्यापक मॉक ड्रिल आयोजित की गई। इस दौरान चंद सेकंड में संयुक्त मजिस्ट्रेट कार्यालय की ओर से पुलिस, फायर ब्रिगेड और आपदा प्रबंधन से जुड़े विभागों को त्वरित राहत एवं बचाव कार्य के निर्देश जारी किए गए।
मॉक ड्रिल का मुख्य केंद्र Gandhi Chowk को बनाया गया, जहां एक मॉल के भूकंप की चपेट में आने का काल्पनिक परिदृश्य तैयार किया गया। सूचना दी गई कि इमारत ढह गई है और करीब 20 लोग अंदर फंसे हुए हैं। इसके बाद प्रशासन, पुलिस और बचाव एजेंसियों ने तत्काल मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया।
रेस्तरां की रसोई, दुकानों और इमारत की ऊपरी मंजिलों में फंसे लोगों को क्विक रिस्पांस टीम ने सुरक्षित बाहर निकाला। घायलों को प्राथमिक उपचार देने के बाद एंबुलेंस के माध्यम से अस्पताल भेजा गया। भगदड़ में घायल हुए लोगों और मलबे में दबे मवेशियों को भी रेस्क्यू कर उपचार दिया गया।
इस अभ्यास में SSB, SDRF, NDRF, दमकल विभाग, स्वास्थ्य विभाग और एनसीसी कैडेट्स ने सक्रिय भागीदारी निभाई। सभी विभागों के बीच तालमेल, सूचनाओं के आदान-प्रदान और त्वरित कार्रवाई की क्षमता का परीक्षण किया गया।
संयुक्त मजिस्ट्रेट Gauri Prabhat ने बताया कि इस मॉक ड्रिल का उद्देश्य आपदा प्रबंधन की तैयारियों को परखना और विभिन्न विभागों के बीच समन्वय को मजबूत करना था।
इस दौरान तहसीलदार दीपिका आर्या, मुख्य प्रशासनिक अधिकारी दीप जोशी, एसएसबी कमांडेंट सहित पुलिस और प्रशासन के कई