उत्तरकाशी: उत्तराखंड में चारधाम यात्रा के दौरान एक दर्दनाक हादसा हो गया था। ये हादसा 8 मई की सुबह करीब 8:30 बजे हुआ था , जब देहरादून से गंगोत्री धाम की ओर जा रहा एक निजी BELL 407 हेलीकॉप्टर उत्तरकाशी ज़िले के गंगनानी क्षेत्र में आपात लैंडिंग की कोशिश के दौरान दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। हादसे में हेलीकॉप्टर के पायलट समेत छह लोगों की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि एक यात्री गंभीर रूप से घायल हुआ था।

घटना तब हुई जब हेलीकॉप्टर राष्ट्रीय राजमार्ग-34 के ऊपर से गुजर रहा था और अचानक तकनीकी परेशानी के चलते पायलट को आपात लैंडिंग करनी पड़ी। जैसे ही हेलीकॉप्टर ने सड़क पर उतरने की कोशिश की, उसका मुख्य रोटर ब्लेड एक ओवरहेड फाइबर केबल से टकरा गया, जिससे वह असंतुलित होकर सड़क किनारे रेलिंग से टकराता हुआ करीब 250 फीट गहरी खाई में जा गिरा।

घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों, SDRF और पुलिस की टीम ने राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। सभी मृतकों के शव खाई से बाहर निकाले गए और गंभीर रूप से घायल यात्री को प्राथमिक उपचार के बाद AIIMS ऋषिकेश रेफर किया गया था।
दुर्घटनाग्रस्त हेलीकॉप्टर कोलकाता की AeroTran Services Pvt. Ltd. कंपनी का था, जो चारधाम यात्रा के लिए निजी श्रद्धालुओं को सेवा दे रहा था।
इस गंभीर हादसे की जांच का जिम्मा एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) को सौंपा गया था। AAIB की रिपोर्ट के अनुसार, हेलीकॉप्टर का मुख्य रोटर ओवरहेड केबल से टकराने के कारण फेल हुआ, जिससे नियंत्रण बिगड़ गया और वह क्रैश हो गया था। इस जांच में अमेरिकी एजेंसी NTSB, कनाडा की TSB और रॉल्स-रॉयस तकनीकी टीम भी सहयोग कर रही है, क्योंकि हेलीकॉप्टर का इंजन उन्हीं की कंपनी का था।
घटना ने चारधाम यात्रा के दौरान हेलीसेवा की सुरक्षा को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए थे और राज्य सरकार ने मृतकों के परिजनों को आर्थिक सहायता प्रदान करने की बात कही गई थी।