उत्तराखंड: उत्तराखंड में लगातार हो रही भारी बारिश ने हालात बिगाड़ दिए हैं। हरिद्वार में गंगा नदी का जलस्तर अचानक बढ़ने के कारण प्रशासन ने एहतियातन हर की पौड़ी सहित सभी प्रमुख घाटों को खाली करा दिया गया है। SDRF और स्थानीय पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर घाटों के आसपास मौजूद तीर्थयात्रियों और श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्थानों पर भेजा।
उत्तराखंड में लगातार भारी बारिश के चलते हरिद्वार की गंगा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है और खतरे के निशान के करीब पहुंच गया है ।प्रशासन ने घाटों पर अलर्ट जारी करते हुए सभी धार्मिक गतिविधियों पर अस्थायी रोक लगा दी है।
तीर्थयात्रियों से सावधानी बरतने की अपील
भारी बारिश और जलस्तर बढ़ने के कारण गंगा स्नान, आरती, और अन्य धार्मिक अनुष्ठानों पर रोक लगा दी गई है। साथ ही प्रशासन ने तीर्थयात्रियों और स्थानीय नागरिकों से अपील की है कि वे नदी के किनारे न जाएं और किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें।
स्थिति पर प्रशासन की नजर
SDRF, NDRF और स्थानीय पुलिस लगातार क्षेत्र में गश्त कर रही हैं और घाटों के आस-पास बैरिकेड्स लगा दिए गए हैं। मौसम विभाग ने आगामी 24 घंटों में और बारिश की चेतावनी दी है, जिससे हालात और बिगड़ सकते हैं।
हरिद्वार के जिलाधिकारी ने बताया कि जलस्तर बढ़ने की सूचना मिलते ही घाटों को खाली कराने की कार्रवाई शुरू कर दी गई थी। हर की पौड़ी, ब्रह्मकुंड, सुभाष घाट और अन्य प्रमुख घाटों पर तैनात पुलिस बल और आपदा प्रबंधन टीम ने लोगों को तुरंत घाटों से हटाया है।
उन्होंने कहा ,” हम हालात पर नजर बनाए हुए हैं। श्रद्धालुओं से अनुरोध है कि घाटों पर न जाएं और प्रशासन का सहयोग करें,”