देहरादून:उत्तराखण्ड राज्य महिला आयोग ने राष्ट्रीय महिला आयोग के अभियान “नवरात्रि – नवशक्ति नवसंकल्प” के तहत झाझरा पंचायत भवन, देहरादून में “सफल महिला उद्यमियों के साथ चर्चा कार्यक्रम” का आयोजन किया। इस मौके पर कई महिला उद्यमियों ने अपनी सफलता की कहानियाँ साझा कीं और बताया कि किस तरह सरकारी योजनाओं का लाभ लेकर वे आत्मनिर्भर बनी हैं।

कुसुम कण्डवाल का संबोधन
राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कण्डवाल ने कहा कि जैसे सृष्टि में ऊर्जा का संचार हुआ, उसी तरह आज महिलाएँ उद्यमिता और नवाचार से समाज और अर्थव्यवस्था को नई दिशा दे रही हैं। उन्होंने कहा कि महिलाएँ अब केवल घर तक सीमित नहीं हैं, बल्कि परिवार की जिम्मेदारियों को निभाते हुए समाज और देश की आर्थिकी की रीढ़ बन रही हैं।
कण्डवाल ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में मुद्रा योजना, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, महिला उद्यम निधि योजना, ड्रोन दीदी योजना और लखपति दीदी योजना जैसी योजनाएँ महिलाओं के लिए नई राह खोल रही हैं। इन योजनाओं से महिलाएँ न केवल खुद को रोजगार दे रही हैं, बल्कि दूसरों को भी अवसर प्रदान कर रही हैं।

उद्यमियों की सफलता की कहानियाँ
दीपा बछैती (अध्यक्ष, बालाजी क्लस्टर) ने बताया कि उनके क्लस्टर से जुड़ी 100 से ज्यादा महिलाएँ अचार, पापड़, टेक-होम राशन, घी, दूध, सिलाई और बुनाई का काम कर रही हैं। अब उनकी मासिक आय 20 हजार रुपये तक पहुँच चुकी है।पूनम ने कहा कि मुद्रा लोन की मदद से उन्होंने डिजिटल बोर्ड के जरिए ट्यूशन सेंटर शुरू किया। पाँच बैचों में बच्चों को पढ़ाकर वे प्रतिमाह 40–50 हजार रुपये तक कमा रही हैं।वैष्णवी ने बताया कि उन्होंने सरकारी योजना से लोन लेकर नमक की नई वैरायटी तैयार की और अब उनका उत्पाद अमेज़ॉन पर भी बिक रहा है, जिससे उन्हें 30–40 हजार रुपये की आय हो रही है।समूह की अन्य महिलाएँ ग्राफिक एरा अस्पताल के पास कैंटीन भी चला रही हैं।

जागरूकता और भागीदारी
कार्यक्रम में आयोग की सदस्य सचिव उर्वशी चौहान ने महिलाओं को उनके अधिकारों और कानूनी संरक्षण के बारे में जानकारी दी। इस अवसर पर बड़ी संख्या में बालाजी क्लस्टर की महिलाएँ, सखी समूह और झाझरा ग्राम संगठन से जुड़ी महिलाएँ शामिल हुईं।
इस कार्यक्रम में ब्लॉक प्रमुख अल्पना रावत, बीडीसी मेंबर सूरज चौधरी, आयोग के विधि अधिकारी दयाराम सिंह, उपनिरीक्षक स्वाति चमोली, संगीता मौर्य, एनआरएलएम से इंदर सिंह चौहान, नारायण तोमर, शानू रावत, अंजली, वीरेंद्र रावत और पूजा दास भी शामिल रहे।